अमृतपुर। बारिश के दौरान चाचूपुर के पास 33 केवी लाइन का केबल बाक्स जल गया। इससे चार उपकेंद्र ठप हो गए और 300 गांवों की बिजली गुल हो गई।
सोमवार दोपहर 3:23 बजे बारिश के चलते 33केवी लाइन में फाल्ट आ गया। तहसील क्षेत्र के अमृतपुर, तहसील, राजेपुर, सलेमपुर उपकेंद्र ठप हो गए। अवर अभियंता हरिओम सिंह कर्मचारियों की टीम के साथ मौके पर पहुंचे और लाइन चेक करने में लग गए। चाचूपुर के पास 33 केवी लाइन का केबल बॉक्स जला मिला। कुछ देर में सही करा दिया गया। बिजली चालू करते ही वह दोबारा जल गया। जेई हरिओम सिंह ने बताया कि बारिश से लाइन में खराबी आई है। कर्मचारियों की टीम लगातार मरम्मत कार्य में लगी है और जल्द आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी।
-----------------
फाल्ट से साढ़े चार घंटे ठप रही आपूर्ति
संवाद न्यूज एजेंसी
कमालगंज। भोलेपुर स्थित 132 केवी उपकेंद्र से कस्बा के उपकेंद्र को जोड़ने वाली 33केवी लाइन में सोमवार दोपहर करीब 2:45 बजे फाल्ट हो गया। इससे कस्बा का उपकेंद्र ठप हो गया। कस्बा के साथ ही गदनपुर तुर्रा, कोहरापुर, खुदागंज, कैंटाह सहित सभी फीडरों की बिजली चली गई। करीब दो सैकड़ा से अधिक गांव की आपूर्ति बाधित हो गई। लाइनमैन को नगला दाऊद के निकट लाइन में कबूतर फंस जाने से फाल्ट मिला। इसके अलावा पेट्रोलिंग की गई तो भोलेपुर उपकेंद्र के पास तार आपस में उलझे मिले।
टीम ने तारों को खोलकर दुरुस्त दिया। बिजली गुल होने से लोगों को समस्याओं का सामना करना पड़ा। मरम्मत पूर्ण होने पर ढाई घंटे बाद शाम करीब 5:15 बजे उपकेंद्र पर आपूर्ति बहाल की गई। कुछ ही देर में विद्युत घर में लगी इनकमिंग मशीन में फाल्ट हो गया। कर्मचारियों ने काम शुरू किया। करीब पौने दो घंटे बाद सात बजे आपूर्ति बहाल हो सकी। अवर अभियंता मदनचंद्र ने बताया कि वह अवकाश पर हैं। पता चला कि 33केवी लाइन ब्रेक डाउन होने से दिक्कत आ गई थी। कर्मचारियों ने मरम्मत कर आपूर्ति चालू कर दी।
पेड़ गिरने से टूटी एचटी लाइन
फर्रुखाबाद। लगातार बारिश के दौरान नेकपुर चौरासी में पेड़ गिरने से एचटी लाइन टूट गई। मिल्क डेयरी फीडर की बिजली आपूर्ति करीब साढ़े तीन घंटे तक बाधित रही। सुबह करीब 5:30 बजे आपूर्ति ठप होने से क्षेत्रवासियों को बिजली के साथ पेयजल संकट का भी सामना करना पड़ा। विद्युत विभाग की टीम ने बारिश के बीच पेड़ हटाकर लाइन की मरम्मत की और सुबह करीब 9 बजे आपूर्ति बहाल कर दी। एसडीओ प्रथम अजय कुमार ने बताया कि पेड़ गिरने से लाइन क्षतिग्रस्त हुई थी, जिसे तत्काल ठीक कर आपूर्ति सुचारु कर दी गई।